2.5 साल से T20I नहीं खेला, फिर भी श्रेयस अय्यर को कप्तानी!
मुंबई स्थित बीसीसीआई मुख्यालय में शनिवार को सेलेक्शन कमेटी की बैठक हुई। मीटिंग के बाद चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर और बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया प्रेस कॉन्फ्रेंस के लिए आए। इस दौरान आयलैंड-इंग्लैंड और जापान में होने वाले एशियाई खेलों के लिए भारतीय टीम का एलान किया गया। साथ ही श्रेयस अय्यर को टी20 टीम की कप्तानी सौंपी गई। वहीं सूर्यकुमार यादव ने कप्तानी और टी20 टीम में जगह गंवा दी है।
लंबे समय से नहीं खेला टी20
करीब ढाई साल से टी20 इंटरनेशनल नहीं खेलने वाले श्रेयस अय्यर को अचानक से कप्तानी सौंप देने पर सवाल उठ रहे हैं। अय्यर ने आखिरी टी20 मैच 3 दिसंबर, 2023 को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बेंगलुरु में खेला था। वह 2024 और 2026 में हुए टी20 विश्व कप में भारतीय टीम का हिस्सा नहीं थे। टीम इंडिया रोहित शर्मा की कप्तानी में 2024 और सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में 2026 का टी20 विश्व कप जीता। विश्व कप विनर होने के बाद भी सूर्या को कप्तानी से हटा दिया गया।
सूर्या की खराब फॉर्म
सूर्य की कप्तानी जाने और श्रेयस को नेतृत्व सौंपने का सबसे बड़ा कारण फॉर्म है। सूर्यकुमार यादव लंबे समय से खराब फॉर्म से जूझ रहे थे। उनके नेतृत्व में भारतीय टीम ने कोई सीरीज नहीं गंवाई। हालांकि, उनकी व्यक्तिगत फॉर्म चिंता का विषय रही।
विश्व कप 2026 में स्काई ने 9 मैच की 9 पारियों में 242 रन बनाए। इस दौरान वह 1 फिफ्टी ही लगा पाए थे। आईपीएल 2026 में भी स्काई बल्ले से फेल रहे। उन्होंने 13 मैच की 13 पारियों में 20 की औसत से 270 रन बनाए।
अय्यर लगातार साबित कर रहे
दूसरी और श्रेयस अय्यर कप्तानी और बल्लेबाजी में लगातार अपने आप को साबित करते आए हैं। उनकी कप्तानी में 3 आईपीएल टीमों (दिल्ली कैपिटल्स, कोलकाता नाइट राइडर्स, पंजाब किंग्स) ने फाइनल खेला। वहीं कोलकाता नाइट राइडर्स ने 2024 में आईपीएल की ट्रॉफी जीती थी।
2018 में बीच सीजन कप्तानी मिलने के बाद उन्होंने 2020 में दिल्ली कैपिटल्स को पहली बार IPL के फाइनल में पहुंचाया था। 2025 के मेगा ऑक्शन में पंजाब किंग्स ने अय्यर को भारी-भरकम रकम देकर कप्तान बनाया और उन्होंने पहले ही सीजन में पंजाब को फाइनल तक का सफर तय कराया।
आईपीएल 2026 में चला बल्ला
आईपीएल 2026 की भी पंजाब ने जोरदार शुरुआत की और पहले 7 मैच में उन्हें हार का मुंह नहीं देखना पड़ा। हालांकि, इसके बाद टीम का बुरा दौर आया और टीम ने 6 विकेट गंवा दिए। ऐसे में अय्यर की कप्तानी वाली टीम प्लेऑफ में जगह नहीं बना पाई और 5वें नंबर पर रही। आईपीएल के 19वें सीजन में श्रेयस के प्रदर्शन की बात करें तो उन्होंने 14 पारियों में 55.33 की औसत और 168.81 की स्ट्राइक रेट से 498 रन बनाए। इस दौरान उनके बल्ले से 5 फिफ्टी और 1 सेंचुरी निकली।
लीग के सफल कप्तान
IPL में कप्तानी करते हुए श्रेयस अय्यर का विनिंग परसेंटेज 55% से अधिक रहा है। उन्होंने लीग में अब तक 101 मैच में कप्तानी की है और 55 जीते हैं। अय्यर ने घरेलू क्रिकेट में मुंबई की कप्तानी करते हुए टीम को कई अहम टूर्नामेंट्स में जीत दिलाई है। उनके पास सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी (टी20), विजय हजारे ट्रॉफी (वनडे) और रणजी ट्रॉफी (फर्स्ट क्लास) में कप्तानी करने का अनुभव है।
अय्यर को ही क्यों दी गई कप्तानी
अय्यर मैदान पर महेंद्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा की तरह शांत रहते हैं। मैच की कंडीशन के हिसाब से सही गेंदबाज चुनना, विरोधी टीम की कमजोरी पकड़ना और फील्ड प्लेसमेंट में उनकी रणनीति अक्सर सटीक साबित होती है।
हार्दिक पांड्या और सूर्यकुमार यादव जैसे विकल्पों के बीच टीम इंडिया को भविष्य के लिए एक ऐसे कप्तान की जरूरत थी, जो लंबी रेस का घोड़ा हो और टीम को स्थिरता दे सके। हार्दिक के साथ चोट की समस्या थी तो सूर्या के पास फॉर्म नहीं थी। दूसरी ओर श्रेयस मिडिल ऑर्डर में एक भरोसेमंद बल्लेबाज हैं। वह स्पिन को बेहतर ढंग से खेलते हैं।



